hindi kavita sangrah , comedy poem in hindi
Short Poem Written on the moment of my life . so original from me ...yeh from me
सोमवार, 21 जनवरी 2013
जब वो साथ नहीं
जब वो साथ नहीं
मुश्किल है कितना खुद को समझाना ,
दूर रहकर तुझ से मुस्कुराना ।
नजरें भी देखती है झूठी तक़दीर ,
देखता हूँ खुद को नजर आएं उसकी तसवीर ।।
=========================================संतोष शर्मा
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